Monday, October 11, 2021

जोधियासी की छात्राएं सम्मानित

 





जोधियासी की छात्राएँ सम्मानित ~


           अंतरराष्ट्रीय बालिका दिवस के अवसर पर जिला मुख्यालय पर आयोजित कार्यक्रम 'मेरी बेटी- मेरा सम्मान' में राउमावि जोधियासी की दो छात्राओं मोनिका भद्रेचा व ऋतिका शर्मा को जिलाधीश द्वारा प्रशस्ति पत्र व स्मृति चिह्न देकर सम्मानित किया गया।

          व्याख्याता मनोज व्यास ने बताया कि छात्रा मोनिका भद्रेचा ने दसवीं कक्षा में 98% अंक हासिल कर नागौर ब्लॉक में प्रथम स्थान हासिल किया। इनकी प्रारंभिक शिक्षा माँ शारदा बाल माध्यमिक विद्यालय जोधियासी में हुई, जो खेल व चित्रकला में भी रुचि रखती है। इन्होंने गौ विज्ञान परीक्षा में भी जिले में प्रथम स्थान हासिल कर अपनी प्रतिभा साबित की थी।

            छात्रा ऋतिका शर्मा आर्थिक रूप से सामान्य परिवार से होते हुए भी पढ़ाई में सदा अव्वल रहने के साथ राष्ट्रीय स्तर पर सॉफ्टबॉल में उपविजेता रही। इसकी खेल के साथ गायन व चित्रकला में भी रुचि है। दोनो छात्राओं का लक्ष्य प्रशासनिक सेवा में चयनित होना है। विद्यालय के प्रधानाचार्य नवीन माथुर व स्टाफ ने दोनों छात्राओं को इनकी उपलब्धि हेतु बधाई देते हुए उज्ज्वल भविष्य हेतु शुभकामनाएँ दी।


Monday, September 27, 2021

नवचयनित आईएएस पंकज राठी का सम्मान समारोह आयोजित






 









नवचयनित आईएएस पंकज राठी का सम्मान (राजकीय विद्यालय में समारोह आयोजित)~

         राउमावि, जोधियासी में विद्यालय के पूर्व छात्र पंकज राठी के सिविल सेवा में चयनित होने पर सम्मान समारोह आयोजित किया गया। पंकज राठी द्वारा दीप प्रज्वलन के साथ कार्यक्रम का श्री गणेश किया गया। विद्यालय के प्रधानाचार्य नवीन माथुर द्वारा माल्यार्पण व साफा पहनाकर इनका अभिनंदन किया गया।

         तदुपरांत राठी परिवार के गणमान्य सदस्यों रामस्वरूप राठी, मुरलीधर राठी, डॉ॰ अमित राठी, कमलेश राठी का भी साफा पहनाकर अभिनंदन किया गया। बंजारा परिवार व दौलतराम सारण द्वारा भी नवचयनित आईएएस पंकज राठी का स्मृति चिह्न देकर सम्मान किया गया।

         कार्यक्रम में उद्बोधन देते हुए पंकज राठी ने विद्यार्थियों से कहा कि अपना लक्ष्य निर्धारित करें; खुद को स्वप्रोत्साहन दें एवं अपनी कमियों को दूर करते हुए निरंतर मेहनत से बड़ी सफलता अर्जित करने का प्रयास करें। उन्होंने कहा कि रुचि के मद्देनज़र किसी भी क्षेत्र में प्रगति के लिए कदम बढ़ाएं, लेकिन आलोचना से घबराए बिना अपने सपनों को साकार करें। श्री पंकज ने कहा कि मेरा लक्ष्य सदैव देश सेवा करना व ग्रामीणजन का सहयोग रहेगा। कार्यक्रम का संचालन हिन्दी व्याख्याता मनोज व्यास ने किया।

         कार्यक्रम में सरपंच प्रतिनिधि भींयाराम मूंड, चेनाराम पोटलिया, कर्णसिंह, श्रीराम सुथार, हनुमानसिंह, श्रवणराम बंजारा, जगदीश अटल, देवीलाल मिश्र, बजरंग पंचारिया, नेमीचंद रांकावत, नवरतन लुहार, दिनेश बंजारा, ग्रामीणजन, स्टाफ सदस्य रामेश्वर लाल, कमला कड़वासरा, प्रीति गोरा, दिनेश गौड़, पवन तिवारी, कन्हैयालाल, चोखाराम, हनुमान मीणा, रमेशनाथ, मुकेश यादव, कालूराम, प्रहलाद सहाय, रेखा साद, नारायणदान, धनसुखराम व सभी विद्यार्थी मौजूद थे। 

         




Sunday, May 16, 2021

स्त्री मर्दाना बन जाओ

 



नारी शक्ति को समर्पित मेरी रचना~

स्त्री मर्दाना बन जाओ


युगों युगों नकली काराओं में

खुद को तुमने बाँध रखा था

त्याग व नम्रता की मूरत बन

अपमान का स्वाद चखा था।

पौरुष के प्रतीक योद्धाओं में

चीर हरण को स्वीकार लिया

बलशाली अत्याचारी के सब

छल बल को अंगीकार किया।

अबला नहीं तुम यह समझो

अपनी शक्ति को खुद जानो

निर्बलता के घेरे मिट जाएंगे

सबलता की भाषा पहचानो।

चुप्पी को देख कितने भेड़िए

नारी को शिकार बना लेते हैं

हवस के नाना प्रकारों को यों

महिलाओं पर दिखला देते हैं।

बहुत सह लिया अत्याचार

तोड़ो इन नकली जंजीरों को

स्वावलंबी बनकर रहो सदा

मिटा दो परवश लकीरों को।

उठो वीरांगना बनकर नारी

फिर से विप्लव राग गाओ 

बलवती बनके फिर से तुम

प्रतिशोध का बिगुल बजाओ।

अब वक्त आ गया है देखो

स्त्री तुम मर्दाना बन जाओ

परुष बने इन पुरुषों को

जरा दुर्गा रूप दिखलाओ।

अपनी ढाल तलवार बनके

खुद ही रक्षण करना होगा

जीवन की कठिन राहों पर

निर्भय होकर चलना होगा।

     © मनोज व्यास


Saturday, March 6, 2021

वार्षिकोत्सव मनाया

 


















वार्षिकोत्सव मनाया ~

      रा.उ.मा.वि., जोधियासी (नागौर) में वार्षिकोत्सव कार्यक्रम समारोहपूर्वक मनाया गया। सरपंच कमला मूंड, डाॅ. अमित राठी, दौलतराम सारण, जुगलकिशोर गौड़,  भींयाराम मूंड के मुख्य आतिथ्य व ACBEO मेहबूब खां खोखर की अध्यक्षता में दीप प्रज्वलन कर कार्यक्रम का प्रारंभ हुआ।  

        इसके पश्चात विद्यार्थियों द्वारा सांस्कृतिक कार्यक्रम की शानदार प्रस्तुतियां दी गई। इनमें मुकाबला, डांडिया, शिव गणेशा, म्हारो बाईसा रो रूप, मिसरी सूं मीठी, बावन गज का दामन, चरी नृत्य, कान्हा सो जा, रोज रोज को ओळबो, नागौरी जूती जैसे खुबसूरत नृत्य व गीत संगीत की श्रेष्ठ प्रस्तुतियाँ दी गयी।

         एसीबीओ मेहबूब खोखर, दौलतराम सारण ने कार्यक्रम में संबोधित करते हुए भामाशाहों के सहयोग व समर्पण की सराहना करते हुए विद्यार्थियों से लक्ष्य प्राप्ति का आह्वान किया।

        विशिष्ट अतिथि डाॅ. अमित राठी ने विद्यार्थियों को अध्ययन के प्रति निष्ठा रखते हुए प्रगति पथ पर बढ़ने को प्रेरित किया। 

      प्रधानाचार्य नवीन माथुर ने विद्यालय के विकास व निर्माण कार्यों की जानकारी देते हुए भामाशाहों को विद्यालय परिवार की ओर से साफा पहनाकर सम्मानित किया। श्रेष्ठ शिक्षको, प्रतिभाशाली व अन्य मेधावी विद्यार्थियों को विद्यालय की ओर से स्मृति चिह्न व प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित किया गया। 

     कार्यक्रम में दयाल मूंड, मनीष पारीक, सुरेंद्र सारस्वत, नरपत पोटलिया, राधेश्याम गोदारा, श्रीराम सुथार, हनुमानसिंह, श्रवणराम बंजारा, जगदीश अटल, देवीलाल मिश्र, बजरंग पंचारिया, नेमीचंद रांकावत, नवरतन लुहार, दिनेश बंजारा, ग्रामीणजन, स्टाफ सदस्य रामेश्वर लाल, कमला कड़वासरा, प्रीति गोरा, दिनेश गौड़, पवन तिवारी, कन्हैयालाल, चोखाराम, हनुमान मीणा, रमेशनाथ, मुकेश यादव, कालूराम, प्रहलाद सहाय, रेखा साद, नारायणदान, धनसुखराम व सभी विद्यार्थी मौजूद थे। मंच संचालन हिन्दी व्याख्याता मनोज व्यास ने किया।

Friday, February 5, 2021

प्यार क्या है?

 

प्यार क्या है~


अनछुआ स्पर्श

अनदेखा अहसास

सहज मिलनोत्कंठा 

हृदय की वीणा के झंकृत

सुमधुर तारों का संगीत

आश्रय और विषय का

सच्चा सुखद समर्पण।

संयोग और विप्रलंभ

के भावों का शमन

स्नेह और प्रणय के

बिरवों का पल्लवन।

आशा और उम्मीद का

पल पल खनकता सितार

अपनेपन के भावों को 

पिरोता मखमली स्पंदन।

मनःकामना के उद्दीप्त

अपरिमित भावासिक्त 

हर्षित-सी तोष प्रतीति।

        © मनोज व्यास


Tuesday, January 19, 2021

बड़ी जीत

 






टीम का हौसला : फतह का जश्न~

(युवाओं को प्रेरणा)


जोश और जुनून का जज़्बा लिए सफर को निकलते हैं तो ख्वाबों की ताबीर लिखी जाती है। गाबा की ऐतिहासिक विजय ने युवाओं के समक्ष प्रत्यक्षतः साबित किया है कि जब दिल में कुछ कर गुजरने की तमन्ना हो तो पुरखतर राहें भी इरादों को नहीं बदल सकती है। 

वनडे सीरीज की हार के बाद T-20 की जीत हासिल कर संभले ही थे कि एडिलेड में 36 रन पर पूरी टीम आउट हो गयी फलतः भारतीयों को मन मसोसकर रहना पड़ा था। लेकिन  अजिंक्या रहाणे ने संपूर्ण टीम में गोया प्राण फूंक दिए और पूरे मनोबल से टीम ने एकजुट होकर मेलबोर्न में भारतीय परचम लहराया। सिडनी में आस्ट्रेलिया ने पुनः जोश में आकर भारतीयों को पटखनी देने की हरचंद कोशिश की पर भारतीयों ने ईंट का जवाब पत्थर से दिया और उसे मुँह की खानी पड़ी। 

        अब भारतीयों का हौसला बढ़ चुका था; गावस्कर बाॅर्डर ट्राॅफी पर नजरे गड़ाए भारतीयों शेरों ने आस्ट्रेलिया की माँद से उसी का शिकार करने की मन में ठान रखी थी। अदम्य साहस के बलबूते पर पूरी टीम ने मनोयोग से विपक्षियों के दाँत खट्टे कर दिए। आस्ट्रेलिया को गाबा में 32 साल बाद चौथी पारी में 329 रन बनाते हुए कंगारुओं को घुटने टेकने पर मजबूर कर दिया।  

         'गिरते हैं शहसवार ही मैदान-ए-जंग में, वो तिफ़्ल क्या गिरे जो घुटनों के बल चले।' की उक्ति को फलीभूत कर भारतीय टीम ने अपना लोहा मनवाया और युवाओं को एक प्रेरणा दी कि आखिरी दम तक हिम्मत का दामन पकड़ कर रखें बेशक विजयश्री आपके कदम चूमेगी।

पुनश्च भारतीय टीम को हार्दिक बधाई!!!

        © मनोज व्यास

Tuesday, January 12, 2021

प्रेम गागर छलकाती जा


 


प्रेम गागर छलकाती जा..


हिवड़ै में हिलोर उठाद्यै

प्रीत री पायलड़ी बजाद्यै

मन रो मोद सोवणो हुज्या

छम छम घूघरा घमकाती जा....

सावण सुरंगे जिसी दिखे

बासंती बायरे सी लागे है

प्रीत रा फुलड़ा खिल ज्यावे

सांसा री सारंगी बजाती जा.....

निजरां पल पल बाट जोवे

थारी खातर अे धीरज खोवे

हेत रा रूंखड़ा सूख जासी

अब प्रेम गागर छलकाती जा...

तनड़े मनड़े बसी थारी बातां

कीकर कटसी अे काळी रातां

कियां चसै हिवड़ै रो दिवळो

बस जीवण जोत जगाती जा...

सुपने में म्हारे नितके आवै

मीठी टिचकार्यां तो दे ज्यावै

फेरूं करलां कीं सयाणी बातां

नेह री थळगट बजाती जा....

    © मनोज व्यास