Sunday, February 1, 2026

पारीक वंश भास्कर का लोकार्पण

 




पारीक वंश भास्कर का लोकार्पण

       आज नागौर स्थित गायत्री भवन- पारीकों की पोल में शिक्षक कवि गिरिराज व्यास द्वारा लिखित चतुर्थ पुस्तक 'पारीक वंश भास्कर' का लोकार्पण हुआ। समारोह में बतौर मुख्य अतिथि तृप्ति पारीक ने कहा कि समाज से संस्कार, धरोहर, शिक्षा प्राप्त होती है। पुस्तक द्वारा समाज के इतिहास व गौरवमयी परंपराओं को जानने का अवसर मिलेगा। उन्होंने कहा कि इसे अनूदित कर अन्य भाषाओं में प्रसारित कर विश्वव्यापी बनाएं, ताकि आनेवाली पीढ़ी तक इसकी पहुँच बने। इसे कहानी रूप में या पद्य रूपांतरण कर सरल बनाया जाए जिससे बच्चे आसानी से आत्मसात् कर सके। 

          लोकार्पण समारोह में मुख्य वक्ता के रूप में सम्बोधित करते हुए संस्कृत प्रोफेसर आशुतोष पारीक ने कहा कि हर व्यक्ति को स्वयं को जानने का भी प्रयास होना चाहिए। 5 प्रकार की विद्याओं का उल्लेख करते हुए स्वाध्याय व पठन की परंपरा को पुनर्जीवित करने का आह्वान किया। उन्होंने जीवन में श्रेष्ठता हेतु ज्ञान को आवश्यक बताया। साथ ही कहा कि वर्तमान पीढ़ी को ज्ञान की विरासत को आगे ले जाना जरूरी है।

           समारोह में प्रखर वक्ता प्रो. भवानीशंकर रांकावत ने कहा कि पुस्तक से नवीन जानकारी व प्रसंग पढ़ने को मिलेंगे। उन्होंने कहा कि विषयबद्ध व क्रमबद्ध वाङ्मय समाज हेतु जरूरी है, जो यह ग्रंथ कदाचित् पूर्ण कर पाएगा। लवजीत पारीक ने इस ग्रंथ की प्रशंसा करते हुए समाज हेतु महत्वपूर्ण दस्तावेज व नयी पीढ़ी हेतु उपयोगी बताया।

          नवोदित गायिका प्रगति पारीक ने मधुर स्वर में 'सरस्वती वन्दना' प्रस्तुत कर श्रोताओं को मंत्रमुग्ध किया। 

          इस अवसर पर प्राचार्य मनोज व्यास ने स्वागत भाषण प्रस्तुत करते हुए कहा कि यह पुस्तक अध्यात्म, संस्कृति और मानवीय जीवन मूल्यों का अनूठा सम्मिश्रण है। उन्होंने पुस्तक के मुख्य बिंदुओं के जरिए संक्षिप्त पुस्तकीय समीक्षा भी की।

          समारोह में पुस्तक रचयिता गिरिराज व्यास ने  कहा कि साहित्य के अभाव मे युवा पथभ्रष्ट होकर हमारी संस्कृति व संस्कारों को खो देंगे, अतः साहित्य सर्जन आवश्यक है। उन्होंने पौराणिक प्रसंगों के जरिए अपनी अभिव्यक्ति देते हुए युवा पीढ़ी को संस्कृति व समाज के बेहतर तत्वों को संरक्षित करने पर बल दिया। 

          सत्यपालजी सांदू द्वारा कानदानजी का गीत 'आजादी रा रुखाळा' की प्रस्तुति देकर पाठकों को भावविभोर किया। मनोहर पारीक ने अपने उद्बोधन में कहा कि भारतीय समाज हमें त्याग, तपस्या, चरित्र, कर्म की शिक्षा देता है। श्रेष्ठ पुस्तक सर्जन व प्रामाणिक जानकारी उपलब्ध कराने हेतु लेखक का आभार ज्ञापित किया।

        कार्यक्रम में गणपतलाल पारीक, सुरेश पारीक, डॉ. मंजु सारस्वत व सत्यनारायण पारीक ने भी संबोधित करते हुए इस पुस्तक के महत्व को प्रतिपादित करते हुए इसे युवाओं हेतु संग्रहणीय बताया। विशिष्ट अतिथि के रूप में वरिष्ठ पत्रकार एवं साहित्यकार नरेन्द्र पारीक ने कार्यक्रम का संयोजन किया। इस अवसर पर सभी अतिथियों को स्मृति चिह्न भेंट किए गये।

         इस अवसर पर सिद्धार्थ व्यास ने कविता की बेहतर प्रस्तुति दी। समारोह में गोपाल पारीक, निर्मल पारीक, बजरंग पारीक, नंदकिशोर व्यास, दामोदर पारीक, बद्रीनारायण पांड्या,  वेणीगोपाल, उगमचंद, महेश पारीक, मुकेश पारीक, रुचिर पारीक, नवीन माथुर, सुनील सेन, चेतन सर्वा, सुशील व्यास, बृजमोहन पारीक, पप्पू पेंटर, नरेंद्र जोशी, प्रतीक पारीक, महेश पारीक, मुकेश पारीक, रुचिर पारीक, नवीन माथुर, सुनील सेन, चेतन सर्वा, सुशील व्यास, दीपक पारीक, पवन श्रीमाली, इंद्रचंद, भेरोसिंह, रामावतार, महेंद्रपाल व्यास, निरंजन लाल व्यास, महावीर प्रसाद व्यास, महेशचंद्र व्यास, कुलदीप पारीक, श्रेयांश सिंघवी, सीताराम, नीलम, अजयपाल, पृथ्वीराज, मंजु व्यास, चित्रा व्यास, चेतना व्यास, धर्मा व्यास, सरिता व्यास, अमित पारीक, रवि पारीक, अनुराधा, दीपक, रियांश, कुणाल, प्रज्ञा, साक्षी, अविका व बड़ी संख्या में लोग उपस्थित रहें। आयकर अधिकारी प्रदीप पारीक ने सबका धन्यवाद ज्ञापित किया। कार्यक्रम का सफल संचालन शरद जोशी ने किया।

Friday, January 23, 2026

निपुण मेला व मेगा पीटीएम आयोजित

 




निपुण मेला व मेगा पीटीएम आयोजित~

      राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय रायधनु में निपुण मेला का आयोजन किया गया जिसमें पीईईओ रायधनु क्षेत्र के 9 विद्यालयों से कक्षा एक से पाँच के बच्चों ने सहभागिता की। माँ सरस्वती की पूजा अर्चना से कार्यक्रम का श्रीगणेश किया गया। पीईईओ अखाराम ने बताया कि मेले में शारीरिक विकास गतिविधि हेतु म्युजिकल चेयर व चम्मच दौड़; भाषाई विकास गतिविधि में कविता वाचन, वर्ण, शब्द; सामाजिक विकास गतिविधि में रिश्ते नाते पट्टी का मिलान किया गया। सर्जनात्मक विकास गतिविधि में विद्यार्थियों ने विभिन्न प्रकार के क्ले व मिट्टी के खिलौने बनाकर दक्षता प्रदर्शित की। मानसिक विकास में देखो और बताओ गतिविधि सम्मिलित की गई।

          निपुण मेले के संचालक सुनील कुमार सेन के निर्देशन में विभिन्न गतिविधियां आयोजित हुई। आज वसंत पंचमी व नेताजी जयंती के अवसर पर बच्चों को इनकी जानकारी प्रदान की गई व । प्राचार्य मनोज व्यास ने मेले की उपादेयता व बच्चों के शैक्षिक विकास के बारे में बताते हुए ऐसे आयोजनों की सार्थकता बताई। इससे पूर्व मेगा पीटीएम में पूर्व सरपंच रामदेव गर्ग ने बच्चों को अध्ययन हेतु प्रेरित किया व अभिभावकगण ने इसमें अपनी उपस्थिति दर्ज कराई।

        निपुण मेले में पीईईओ के विभिन्न विद्यालयों के संस्था प्रधान जेठूसिंह, सौरभ, भोमाराम, मदनराम, सुखीदेवी, सीता, रामी, मुकेश मांझू एवं स्थानीय विद्यालय के स्टाफ सदस्य  सगराम, श्यामाराम, लालाराम, हनुमान राम, माधवसिंह, अनिल कुमार, बाबूलाल, मो. अय्यूब, करमाराम, सोहनी, निरमा, बजरंग सोलंकी, उषा कंवर, उमाराम व सभी विद्यार्थी उपस्थित रहे।  


Thursday, October 30, 2025

ब्लॉक स्तरीय प्रतियोगिता आयोजित

 








ब्लॉक स्तरीय प्रतियोगिता आयोजित

दिलशाद व शांति बने विजेता


      आज पीएमश्री राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय राठौड़ी कुआं, नागौर में ब्लॉक स्तरीय प्रबल कार्यक्रम के तहत प्रतियोगिताओ का आयोजन समारोहपूर्वक किया गया। इसके तहत नाट्य प्रदर्शन, भाषण और पैनल चर्चा प्रतियोगिताओं का आयोजन हुआ। कार्यक्रम का आरंभ माँ सरस्वती के समक्ष दीप प्रज्वलन से हुआ, तत्पश्चात प्रतियोगिताओं का आयोजन विधिवत रूप से प्रारंभ हुआ। जिसमें विभिन्न विद्यालयों से करीब 50 विद्यार्थियों ने सहभागिता की। ब्लॉक स्तरीय विजेताओं में छात्र वर्ग से राउमावि दुकोसी के दिलशाद और छात्रा वर्ग में राउमावि राठौड़ी कुआं की शांति विजेता रही। जिन्हें स्मृति चिह्न व प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित किया गया।   अन्य सभी प्रतिभागियों को सहभागिता प्रमाण पत्र दिए गये। ब्लॉक विजेता प्रतिभागी 6 व 7 नवंबर को जिला स्तरीय प्रतियोगिता में हिस्सा लेंगे।

       कार्यक्रम में मुख्य अतिथि सीबीईओ अनीता बागड़ी ने सभी प्रतिभागियों को और बेहतर प्रदर्शन करते हुए भविष्य हेतु शुभकामनाएं प्रेषित की।एससीबीईओ महबूब खोखर ने अपने उद्बोधन में बच्चों को सतत प्रयास करते हुए ऐसी गतिविधियों में हिस्सा लेने का आह्वान किया। आरपी ओमप्रकाश मूंड ने भी विभागीय प्रतियोगिताओं में सभी बच्चों को और अधिक भागीदारी करने पर बल दिया। मेजबान प्राचार्य जेठाराम बागड़िया ने प्रबल कार्यक्रम की रूपरेखा व उद्देश्यों पर विस्तार से प्रकाश डाला। प्राचार्य पवन माँजू ने भी सभी प्रतिभागियों का उत्साहवर्धन करते हुए ऐसे आयोजनों से सीख लेने की नसीहत दी।

       शिक्षक भरतसिंह व मांगीलाल देवड़ा ने गीत प्रस्तुति देकर कार्यक्रम में समां बाँध दिया। निर्णायकों की भूमिका में प्राचार्य मनोज व्यास, सुमिता सिद्ध व वरिष्ठ अध्यापक मंजु शर्मा थी। समारोह में मुकेश भार्गव, बालकिशन भाटी, चेनाराम, बजरंग सांखला, योगेश भाटी व अन्य शिक्षकों ने कार्यक्रम के आयोजन में सहयोग किया। कार्यक्रम का संचालन अजय शर्मा व मांगीलाल देवड़ा ने किया।

Friday, August 15, 2025

स्वतंत्रता दिवस मनाया

 






स्वतंत्रता दिवस मनाया~


        राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय, रायधनु में 79वाँ स्वतंत्रता दिवस समारोहपूर्वक मनाया गया। प्रशासक ओमाराम भादू के मुख्य आतिथ्य व जगमालराम खिलेरी, रामदेव गर्ग, लादूराम, रुघाराम दुगेर, हुक्माराम पोटलिया के विशिष्ट आतिथ्य व प्राचार्य मनोज व्यास की अध्यक्षता में ध्वजारोहण के साथ कार्यक्रम का श्रीगणेश हुआ।

        इसके उपरान्त विद्यार्थियों द्वारा सामूहिक मार्चपास्ट, व्यायाम प्रदर्शन किया गया। सांस्कृतिक कार्यक्रमों ओ धोरां को देश, म्हारो प्यारो राजस्थान, खरनाल्या रो चौधरी, सांसों को सरगम, आओ बच्चो तुम्हें दिखाएं, पधारो म्हारे राजस्थान, ऊंट गाडो जैसे नृत्य गीतों की शानदार प्रस्तुति दी गयी। इसके अलावा देशभक्ति गीत, कविता, भाषण आदि पेश किये गये। 

         प्राचार्य मनोज व्यास ने विद्यालय की प्रगति हेतु भामाशाहों से सहयोग करने का आह्वान किया, साथ ही बच्चों को विद्यार्जन कर बेहतर नागरिक बनने की नसीहत दी। विशिष्ट अतिथि लादूराम ने विद्यार्थियों को अध्ययन के प्रति निष्ठा रखने को प्रेरित किया। विद्यालय परिवार द्वारा मेधावी विद्यार्थियों का स्मृति फलक व प्रशस्ति पत्र देकर सम्मान किया गया।

        कार्यक्रम में प्रबुद्धजन नरपतराम, लिछमणराम, सुभान खां, मूलाराम, रावतराम, पुरखाराम, मोहनराम, चंपालाल, नेनाराम, दुलाराम, मदनराम, नारायण राम, जस्साराम, सुगनाराम, दौलाराम तथा स्टाफ सदस्य सगराम, श्यामाराम, लालाराम, हनुमान राम, माधवसिंह, अनिल कुमार, बाबूलाल, भूपेंद्रसिंह, मो. अय्यूब, करमाराम, सोहनी, निरमा, पन्नाराम, उमाराम, भंवरलाल सहित सहित ग्रामीणजन व सभी विद्यार्थी मौजूद रहे। 

         कार्यक्रम का सफल संचालन व्याख्याता सुनील सेन ने किया।


Monday, February 10, 2025

कॅरियर मेला आयोजित

 





कॅरियर मेला आयोजित ~
      राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय जोधियासी में आज कॅरियर मेले का आयोजन समारोहपूर्वक किया गया। मुख्य अतिथि वरिष्ठ आयुर्वेद चिकित्सा अधिकारी डॉ॰ संतप्रसाद त्रिपाठी, विशिष्ट अतिथि मघसिंह भाटी, प्राचार्य डॉ॰ संजय कुमावत, रवि जाखड़ आदि ने माँ सरस्वती के दीप प्रज्वलित कर कार्यक्रम का श्रीगणेश किया। 
      मुख्य अतिथि डॉ॰ त्रिपाठी ने चिकित्सा व विज्ञान क्षेत्र में कॅरियर बनाने संबंधी जानकारी दी। सेवानिवृत्त हैड कांस्टेबल मघसिंह भाटी ने सेना हेतु बच्चों को निरंतर मेहनत पर बल देने की बात कही व बालिका सीनियर स्कूल प्राचार्य डॉ॰ संजय कुमावत ने विद्यार्थियों को संस्कारवान बनते हुए लगातार परिश्रम करने व प्रतियोगी परीक्षा संबंधी जानकारी विस्तार से दी। सनब्राइट स्कूल निदेशक रवि जाखड़ ने भी बच्चों को कॅरियर मार्गदर्शन देते हुए विचार व्यक्त किए। 
      विद्यार्थियों द्वारा विभिन्न कॅरियर चार्ट, मॉडल आदि का निर्माण किया गया। उप प्राचार्य मनोज व्यास ने विद्यार्थियों को दृढ़ संकल्प के साथ लक्ष्य प्राप्ति का आह्वान किया। प्राचार्य बोदूसिंह ने सभी अतिथियों का धन्यवाद ज्ञापित करते हुए बच्चों से अध्ययन पर ध्यान केंद्रित करने की नसीहत दी।
      कार्यक्रम में स्टाफ सदस्य कन्हैयालाल, पवन तिवारी, पृथ्वीराज भादू, दीक्षा छाबड़ा, हनुमान मीणा, रमेशनाथ, चोखाराम, कालूराम, अंजू शर्मा, मुकेश यादव, नारायणदान, प्रहलाद सहाय, मो. रमजान, राजूराम काला, रेखा साद, कविता डूडी, मानाराम, विक्रम बिश्नोई, प्रहलाद राम, राजूराम सेन व अभिभावक और सभी विद्यार्थी मौजूद रहे। कार्यक्रम का सफल संचालन दिनेश गौड़ ने किया।

Sunday, January 26, 2025

गणतंत्र दिवस मनाया

 


 






गणतंत्र दिवस मनाया~       


         राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय, जोधियासी में 76वाँ गणतंत्र दिवस व वार्षिकोत्सव समारोहपूर्वक मनाया गया। सरपंच कमला मूंड के मुख्य आतिथ्य व भींयाराम मूंड, जेठमल अटल, कर्णसिंह, धन्नाराम लेघा, भींयाराम, श्याम भद्रेचा, मेघाराम, बजरंग पंचारिया के विशिष्ट आतिथ्य व प्राचार्य बोदूसिंह की अध्यक्षता में ध्वजारोहण के साथ कार्यक्रम का श्रीगणेश हुआ।
        इसके उपरान्त विद्यार्थियों द्वारा सांस्कृतिक कार्यक्रमों राजस्थानी हूँ, गुरुवर थारे बिना, सिर पर हिमालय का, घूमर घूमे रे, क्या कभी अंबर से, कोरोना थीम, तेजल सुपर डुपर, वतन याद रहेगा आदि नृत्य गीतों की शानदार प्रस्तुति दी गयी। इसके अलावा देशभक्ति कविता, नाटक आदि पेश किये गये। 
        विशिष्ट अतिथि बजरंग पंचारिया ने विद्यालय की प्रगति हेतु सहयोग करने व विद्यार्थियों से देश सेवा का आह्वान करते हुए उन्हें अध्ययन के प्रति निष्ठा रखने को प्रेरित किया। विद्यालय परिवार द्वारा विकास हेतु सहयोग राशि देने वाले भामाशाहों, राष्ट्रीय व राज्य पुरस्कार प्राप्त श्रेष्ठ खिलाड़ियों व मेधावी पूर्व छात्रों का स्मृति फलक व प्रशस्ति पत्र देकर सम्मान किया गया। 
        तुलछीराम सुथार ने अपने संबोधन में बच्चों से  पढ़ाई पर विशेष बल देने का आह्वान किया। साथ ही विद्यालय परिवार व भामाशाहों का आभार व्यक्त किया।
        प्राचार्य बोदूसिंह ने विद्यालय की शैक्षिक, खेलकूद, स्काउटिंग व अन्य श्रेष्ठ उपलब्धियों की जानकारी देते हुए ग्रामीणजन से सहयोग की अपील करते हुए अतिथियों व ग्रामीणजन का धन्यवाद ज्ञापित किया।
        कार्यक्रम में धन्नाराम लेगा, बंशीलाल सुथार, श्याम भद्रेचा, रवि कुमार तथा स्टाफ सदस्य कन्हैयालाल,  पवन तिवारी, मुकेश यादव, हनुमान प्रसाद, चोखाराम, कालूराम, नारायणदान, अंजू शर्मा, रेखा साद, विजेश बंजारा, प्रहलाद सहाय, मघाराम जाखड़, राजूराम सेन, तिलोकराम, मो. रमजान सहित सांवरीलाल, मनीष दर्जी, अनुराग, देरामाराम, शंकरलाल, कैलाश राम, रवि कुमार, मेघसिंह सहित ग्रामीणजन व सभी विद्यार्थी मौजूद रहे। 
         कार्यक्रम का सफल संचालन मनोज व्यास व रमेशनाथ ने किया।

Sunday, December 22, 2024

कुचामन नवोदय की पावन धरा पर एलुमनी मीट का आयोजन!

 








कुचामन नवोदय की पावन धरा पर
एलुमनी मीट का आयोजन!

          मौसम की रुमानियत; तरन्नुम में गूँजते नगमों व थिरकते कदमों के बीच कदीमी यादों का पिटारा जो खुला तो उसमें छलकते पैमानों की मधुर स्मृतियाँ घंटों दिल को कचोटती रही। मनः मस्तिष्क में संजोए सलोने सपनों के संसार में हिलोरे लेती सौहार्द की भावसिक्त सरिताएं आप्लावित हुई तो सहज ही बचपन जीवंत हो उठा।
          नवोदयन की समेकित वाणी से हिम्मत और सकारात्मक वैचारिकता का जयघोष हुआ तो मानो हर नवोदयन अपने को जिम्मेदार समझ कर्तव्यपरायणता को निर्वहन करने की मनःकामना लिए पुलकित हो उठा।
           1997 के सम्मान समारोह में आयोजित कार्यक्रम में गुरुजन व पूर्व विद्यार्थियों ने अपने अनुभवों से बच्चों की हौसला अफजाई की वहीं सुयोग्य नागरिक बनकर देश-सेवा करने की नसीहत दी। कक्षा 6 से 12 के विद्यार्थियों को कर्मठता, ईमानदारी, साहस, संघर्ष के पाठ के जरिए कार्यक्रम में ऊर्जा पैदा की, साथ ही मंजिल प्राप्ति की बाधाओं व कंटकावृत्त राहों से पार पाने की योग्यता विकसित करने का आह्वान किया।मनोज व्यास ने समाज में समरसता का बीजारोपण कर समाज के उत्थान का नैरंतर्य बनाए रखते हुए अपनी प्रतिबद्धता की मशाल को जलाए रखने पर बल दिया। 
     नवोदय परिवार के इस स्नेह मिलन में गुरुजन मुदगलजी सर, हरदेवजी सर, बशीरजी सर, पेपसिंहजी सर व विद्यालय के प्राचार्य तथा शिक्षकवृंद की उपस्थिति निस्संदेह उनके स्नेह व दुलार का परिचायक बनी।  सैकड़ों एलुमनीज ने सहभागिता की वहीं कुछ अभिभावकगण भी उपस्थित थे।
        प्रथम बैच के एलुमनी भरतपाल, कैलाश कासनियां, सुरेंद्र कागट, ईसाक भुट्टो, नारायण दैया, मनोज व्यास, मानाराम, जगदीश जिंगल, प्रहलाद राम को स्मृति चिह्न प्रदान कर सम्मानित किया। साथ ही पूर्व के गुरुजन व 1997 बैच के साथियों के विशेष सम्मान के साथ सभी एलुमनीज को 1998 बैच द्वारा बैग भेंट कर सम्मान किया गया। साथ ही प्रतिभाशाली व उत्कृष्ट बच्चों को पारितोषिक प्रदान किया गया। विद्यार्थियों के बेहतरीन नृत्य, गीत-संगीत, योगा व पिरामिड जैसी मनमोहक प्रस्तुतियों से कार्यक्रम में समां बँध गया।
       इस अवसर पर मनीष पारीक को नया अध्यक्ष मनोनीत किया गया। प्राचार्य ओमवती जी दीक्षित ने सबका धन्यवाद ज्ञापित किया। हनुमान चोयल ने रोचक व शायराना अंदाज में कार्यक्रम का संचालन किया।